यूरिनरी कैथेटर एक संकरी ट्यूब होती है जो मूत्राशय में जाती है। मूत्र (पेशाब) एक ट्यूब से होकर एक बैग में एकत्र होता है।
यूरिनरी कैथेटर की ज़रूरत हो सकती है:
यूरिनरी कैथेटर मूत्र निकालने के लिए मूत्राशय में घुसाई जाने वाली ट्यूब है।
यूरिनरी कैथेटर का उपयोग केवल ज़रूरी होने पर ही किया जाता है। उन्हें जल्द-से-जल्द निकाल लिया जाना चाहिए। देखभाल टीम के सदस्य संक्रमण का जोखिम घटाने के लिए उन्हें घुसाने के सर्वोत्तम तरीके में प्रशिक्षित होते है।
अधिकांश कैथेटर मूत्राशय में एक निश्चित समय के लिए रहते हैं और एक बैग में मूत्र एकत्र करते हैं। इन्हें इन्ड्वेलिंग कैथेटर कहते हैं। अधिकांश इन्ड्वेलिंग कैथेटर, जिनमें फ़ोली कैथेटर शामिल हैं, उन्हें मूत्रमार्ग (यूरेथ्रा)के ज़रिए घुसाया जाता है। सुप्राप्यूबिक कैथेटर ऐसा यूरिनरी कैथेटर होता है जिसे पेट में एक छोटे-से छेद (स्टोमा) के ज़रिए घुसाया जाता है।
संभव है कि कुछ रोगियों को इन्ड्वेलिंग कैथेटर न लगाया जाए। कैथेटर को मूत्राशय खाली करने के लिए मूत्रमार्ग में घुसाया जा सकता है और फिर निकाल दिया जाता है। इसे कभी-कभी स्वच्छ सविराम कैथेटराइज़ेशन या सेल्फ़-कैथेटर कहते हैं।
आपकी देखभाल टीम यह जानने में आपकी मदद करेगी कि आपके बच्चे की चिकित्सीय ज़रूरतों के लिए किस प्रकार का कैथेटर सर्वश्रेष्ठ है और घर पर देखभाल के जो भी निर्देश हों वे आपको सिखाएगी।
कैथेटर की देखभाल के लिए देखभाल टीम के निर्देशों का पालन करें। सभी देखभालकर्ताओं को आपके बच्चे के कैथेटर को छूने से पहले और बाद में अपने हाथ साबुन व पानी से धोने चाहिए या किसी एल्कोहॉल-आधारित हैंड क्लीनर का उपयोग करना चाहिए।
यदि आप यह देखें कि स्टाफ़ सदस्यों ने अपने हाथ साफ़ नहीं किए हैं, तो कृपया उनसे कहें कि वे कैथेटर को छूने से पहले अपने हाथ साफ़ करें।
यदि आपके बच्चे को ऐसा कैथेटर लगा है जो मूत्राशय में लगा छोड़ा जाता है (इन्ड्वेलिंग कैथेटर), तो मूत्र एक ड्रेनेज बैग में एकत्र होगा। यह बैग बिस्तर से या व्हीलचेयर से लटकाया जा सकता है। कुछ रोगियों को लेग बैग मिलता है जिसे पैर पर बाँधकर स्थिर रखा जा सकता है। बैग खलाने और बदलने के लिए अपनी देखभाल टीम के निर्देशों का पालन करें।
बैग केवल तब खाली करें यदि आपको ऐसा करने का प्रशिक्षण मिला हो। यदि आपका बच्चा अस्पताल में है, तो देखभाल टीम का कोई सदस्य बैग खाली करेगा। बैग 2/3 भर जाने पर, या कम-से-कम हर 8 घंटों पर (भले ही भरा न हो) खाली करें।
साबुन और पानी से अच्छी तरह हाथ धोएं और सुखाएं या अल्कोहल से निर्मित हैंड सैनिटाइज़र का उपयोग करें। यदि आपके पास दस्ताने हों या आपसे उनके उपयोग को कहा जाए तो उन्हें पहन लें।
ड्रेनेज बैग बहुत अधिक भरने से पहले उसे खाली कर दें। समय बैग के प्रकार पर निर्भर करेगा।
रोगाणु कैथेटर से होकर अंदर जा सकते हैं और मूत्राशय या गुर्दों में संक्रमण कर सकते हैं। इसे कैथेटर-संबद्ध मूत्रपथीय संक्रमण (कैथेटर-एसोसिएटेड यूरिनरी ट्रैक्ट इन्फ़ेक्शन, CAUTI) कहते हैं। यह गंभीर हो सकता है और अन्य संक्रमणों को जन्म दे सकता है।
जिन लोगों में यूरिनरी कैथेटर लगे हैं उनमें मूत्रपथीय संक्रमण (UTI) होने का जोखिम ऐसे लोगों से काफ़ी अधिक होता है जिन्हें कैथेटर नहीं लगे हैं। मूत्र तंत्र में मूत्राशय और गुर्दे शामिल हैं। इन स्थानों में आम तौर पर रोगाणु नहीं होते हैं। लेकिन, यदि मूत्राशय या गुर्दों में रोगाणु पहुँच जाएँ, तो संक्रमण हो सकता है।
मूत्र मार्ग संक्रमण के संकेतों और लक्षणों में ये शामिल हो सकते हैं:
कुछ लोगों में इनमें से किसी भी लक्षण के बिना भी संक्रमण हो सकता है। यदि आपको लगता है कि आपके बच्चे में संक्रमण हो सकता है तो तुरंत अपने चिकित्सक से संपर्क करें।
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समीक्षित: जनवरी 2023